
राज राजेश्वरी श्याम मंदिर
राज राजेश्वरी श्याम मंदिर
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हमारे दिव्य देवी-देवता
मंदिर परिसर में प्रतिष्ठित समस्त पूज्य देवी-देवता ज्ञान, शक्ति, भक्ति, समृद्धि, सुरक्षा और प्रेम के पावन प्रतीक हैं
भगवान गणेश जी
बाधाओं को दूर करने वाले और सफलता देने वाले विघ्नहर्ता।
श्री श्याम बाबा
भक्तों की मनोकामनाएँ पूर्ण करने वाले दयालु लखदातार प्रभु।
शिव परिवार
भगवान शिव, माँ पार्वती, श्री गणेश व कार्तिकेय; पारिवारिक सद्भाव के प्रतीक।
माँ दुर्गा
शक्ति, सुरक्षा और साहस का साक्षात स्वरूप।
माँ सरस्वती
बुद्धि, ज्ञान और विद्या की अधिष्ठात्री देवी।
देवसर की देवी
भक्तों पर कृपा और समृद्धि का आशीर्वाद बरसाने वाली दिव्य माँ।
गुड़गाँव माता
शीतला माता स्वरूप — सुरक्षा और आरोग्य-कल्याण की पूजनीय देवी।
भगवान हनुमान जी
अनन्य भक्ति, असीम शक्ति और अटूट विश्वास के प्रतीक।
पंचमुखी बालाजी
संकटमोचक, भक्तों के शक्तिशाली रक्षक और संरक्षक।
राधा-कृष्ण
दिव्य प्रेम, आनंद और भक्ति के शाश्वत प्रतीक।
लड्डू गोपाल जी
भगवान श्रीकृष्ण का अत्यंत मनमोहक व प्यारा बाल रूप।
आरती एवं दर्शन समय
दर्शन समय (Darshan Timings)
- सुबह के दर्शन8:00 AM – 1:00 PM
- शाम के दर्शन5:00 PM – 9:00 PM
आरती समय (Aarti Timings)
- मंगला आरती5:30 AM
- श्रृंगार आरती9:00 AM
- भोग आरती1:30 PM
- संध्या आरती7:30 PM
- शयन आरती10:00 PM
★ विशेष पर्व दर्शन समय (एकादशी एवं द्वादशी) ★
शुक्ल पक्ष की पावन तिथियों पर मुख्य मंदिर के कपाट भक्तों के लिए विशेष समय तक खुले रहते हैं:
शुक्ल पक्ष की एकादशी (ग्यारस)
मुख्य मंदिर के द्वार भक्तों के लिए विशेष दर्शन समय:
शुक्ल पक्ष की द्वादशी (बारस)
मुख्य मंदिर के द्वार भक्तों के लिए विशेष दर्शन समय:
* समय ऋतु एवं विशेष पर्वों के अनुसार परिवर्तित हो सकता है।
त्योहार एवं तिथि कैलेंडर
खाटू नरेश श्री श्याम बाबा के जन्मोत्सव, पावन एकादशी व्रत एवं समस्त सनातनी त्योहारों का संपूर्ण विवरण
श्री श्याम बाबा का जन्मदिन (निर्जला एकादशी)
कलयुग के अवतारी, शीश के दानी भगवान श्री श्याम का जन्मोत्सव महामहोत्सव। मंदिर में प्रातः मंगला से लेकर मध्यरात्रि १२ बजे तक अनवरत दिव्य दर्शन, ५६ भोग अर्पण, अखंड ज्योति, भव्य अलौकिक श्रृंगार एवं विराट संकीर्तन।
नवरात्रि
माँ भगवती की पावन उपासना एवं घटस्थापना
कामदा एकादशी
मनोकामना सिद्धि प्रदायिनी पावन ग्यारस
बारस
द्वादशी व्रत पूजन एवं ब्राह्मण भोजन
नाग पंचमी
नाग देवता पूजन एवं दुग्ध अर्पण
अष्टमी
मासिक कृष्ण अष्टमी व्रत
पुत्रदा एकादशी
संतान सुख एवं आरोग्य दायिनी ग्यारस
बारस
पवित्रा द्वादशी व्रत पारण
रक्षाबंधन
श्रावणी पूर्णिमा, भाई-बहन के अटूट स्नेह का पर्व
जन्माष्टमी, अष्टमी
भगवान श्री कृष्ण का दिव्य जन्मोत्सव
जया एकादशी
सर्व पाप निवारिणी अजा/जया एकादशी
बारस
द्वादशी व्रत
गणेश चतुर्थी
विघ्नहर्ता श्री गणेश जन्मोत्सव व स्थापना
विश्वकर्मा पूजा
देव शिल्पी भगवान विश्वकर्मा पूजन
अष्टमी
राधाष्टमी — श्री राधारानी प्राकट्योत्सव
जल झूलनी एकादशी
डोल ग्यारस — ठाकुर जी की दिव्य जल विहार यात्रा
बारस
वामन द्वादशी पारण
पितृ पक्ष
पितरों के प्रति श्रद्धा व तर्पण का पावन पखवाड़ा
अष्टमी
श्राद्ध अष्टमी
इन्दिरा एकादशी
पितृ मोक्ष प्रदायिनी पावन ग्यारस
बारस
द्वादशी पूजन
शरद नवरात्रि
शारदीय नवरात्रि आरंभ, माँ दुर्गा की नौ दिन उपासना
विजय दशमी
दशहरा — अधर्म पर धर्म की शाश्वत विजय
पाप-कुंशा एकादशी
पापों पर अंकुश लगाने वाली पापांकुशा एकादशी
बारस
पद्मनाभ द्वादशी व्रत
शरद पूर्णिमा
अमृत वर्षा पूर्णिमा, महारास उत्सव व खीर भोग
करवा चौथ
अखंड सुहाग व सौभाग्य का निर्जल व्रत
अष्टमी
अहोई अष्टमी — संतान दीर्घायु व्रत
रंभा एकादशी
सौभाग्य व समृद्धि दायिनी रमा एकादशी
बारस
गोवत्स द्वादशी (बछ बारस) — गोमाता व बछड़ा पूजन
धनतेरस
भगवान धन्वंतरि जयंती एवं धन-समृद्धि पूजन
रूप चौदस
नरक चतुर्दशी, छोटी दीपावली एवं यम दीपदान
दीपावली
महालक्ष्मी एवं गणेश जी का भव्य प्रकाशोत्सव
गोवर्धन पूजा
अन्नकूट महोत्सव — ५६ भोग अर्पण
भाई दूज
यम द्वितीया, भाई-बहन के स्नेह का पावन पर्व
अष्टमी
गोपाष्टमी — कामधेनु गोमाता महापूजन
श्याम बाबा का जन्मदिन, निर्जला एकादशी
खाटू नरेश श्री श्याम प्रभु का पावन प्राकट्योत्सव महापर्व
बारस
तुलसी विवाह एवं देवउठनी द्वादशी महामहोत्सव
अष्टमी
कालभैरव अष्टमी
उत्पन्ना एकादशी
एकादशी देवी का प्राकट्य दिवस
बारस
द्वादशी पारण
अष्टमी
मासिक कृष्ण अष्टमी
मोक्ष एकादशी
मोक्षदा एकादशी एवं श्रीमद्भगवद्गीता जयंती
बारस
द्वादशी पूजन
अष्टमी
मासिक अष्टमी
विशाखासफला एकादशी
सफला एकादशी — समस्त कार्यों में सफलता
बारस
द्वादशी पारण
संक्रांति
मकर संक्रांति — सूर्य उत्तरायण, तिल-गुड़ दान
अष्टमी
मासिक अष्टमी
पुत्रदा एकादशी
पौष शुक्ल पुत्रदा एकादशी व्रत
बारस
द्वादशी पूजन
अष्टमी
मासिक अष्टमी
षटतिला एकादशी
तिल के छह प्रकार से प्रयोग व पुण्य प्रदायिनी
बारस
द्वादशी पूजन
बसंत पंचमी
विद्या दायिनी माँ सरस्वती महापूजन
अष्टमी
भीष्माष्टमी तर्पण
जया एकादशी
जया एकादशी — भूत-पिशाच योनि से मुक्ति
बारस
द्वादशी पारण
अष्टमी
जानकी जयंती (सीताष्टमी)
जया एकादशी
विजया एकादशी — शत्रुओं पर विजय दिलाने वाली
बारस
द्वादशी पूजन
महाशिवरात्रि
देवाधिदेव महादेव एवं माँ पार्वती का महामंगलकारी पर्व
अष्टमी
मासिक शुक्ल अष्टमी
आमलकी रंगभरी
रंगभरी एकादशी — खाटू धाम का विश्वप्रसिद्ध लक्खी मेला
बारस
फाल्गुन द्वादशी — लक्खी मेला समापन
होलिका दहन
भक्त प्रह्लाद विजय, असत्य पर सत्य की ज्योति
होली
धुलंडी — प्रेम, उल्लास व रंगों का दिव्य उत्सव
* सभी तिथियाँ एवं पर्व पंचांग अनुसार निर्धारित हैं। मंदिर समिति द्वारा किसी भी विशेष उत्सव, जागरण या भंडारे की सूचना पूर्व में दी जाएगी।
मंदिर दर्शन एवं दीर्घा
दैनिक श्रृंगार दर्शन (Daily Singar)
बाबा श्याम के नित्य नवीन, मनमोहक एवं अलौकिक श्रृंगार की पावन झलक





उत्सव एवं विशेष आयोजन (Events & Celebrations)
फाल्गुन मेला, एकादशी जागरण, कीर्तन एवं मंदिर के भव्य धार्मिक महोत्सव

हमारे मंदिर के बारे में
दिव्य कृपा और आध्यात्मिक सद्भाव का एक पवित्र धाम
शांति और भक्ति के माहौल में बसा हमारा मंदिर आस्था का एक केंद्र है, जो हर तरह के लोगों का स्वागत करता है। सनातन धर्म की सदियों पुरानी परंपराओं से जुड़ा यह मंदिर आध्यात्मिक विकास, आंतरिक शांति और समाज सेवा को बढ़ावा देने के लिए समर्पित है।
हमारे इस पवित्र मंदिर में भगवान गणेश जी, माँ सरस्वती, माँ दुर्गा, भगवान हनुमान जी, श्री श्याम बाबा, लड्डू गोपाल जी, राधा-कृष्ण, पंचमुखी बालाजी, देवसर की देवी, गुड़गाँव माता और पूजनीय शिव परिवार का दिव्य आशीर्वाद और उपस्थिति है। ये सभी दिव्य देवता ज्ञान, शक्ति, भक्ति, समृद्धि, सुरक्षा, प्रेम और आध्यात्मिक ज्ञान के प्रतीक हैं।
हर दिन भक्त यहाँ प्रार्थना करने, आरती में शामिल होने, भजन गाने और ईश्वरीय आशीर्वाद पाने के लिए इकट्ठा होते हैं। यह मंदिर न केवल पूजा-अर्चना की जगह है, बल्कि एक आध्यात्मिक आश्रय भी है जहाँ दिलों को सुकून, मन को स्पष्टता और आत्मा को ईश्वर से जुड़ाव का अनुभव होता है।
हमारा मानना है कि आस्था लोगों को सभी सीमाओं से परे एक साथ लाती है। धार्मिक आयोजनों, त्योहारों, आध्यात्मिक सभाओं और समाज सेवा के कामों के ज़रिए, हमारा मंदिर करुणा, सद्भाव और मानवता की सेवा के मूल्यों को बढ़ावा देने की कोशिश करता है।
चाहे आप आशीर्वाद, मार्गदर्शन, आभार व्यक्त करने या बस शांति के कुछ पल बिताने के लिए आएं, हमारा मंदिर खुले दिल से और दिव्य ऊर्जा से भरे पवित्र माहौल में आपका स्वागत करता है।
हमारा मिशन (Our Mission)
एक ऐसी पवित्र जगह बनाना जहाँ भक्ति फले-फूले, परंपराएँ सुरक्षित रहें और हर भक्त ईश्वर का दिव्य आशीर्वाद महसूस करे।
“एक ऐसा मंदिर जहाँ आस्था खिलती है, भक्ति बढ़ती है और दिव्य आशीर्वाद हर जीवन को रोशन करता है।”
संपर्क सूत्र एवं पावन धाम
मंदिर का पता
Mangalam A, Ground Floor, 24 Hemanta Basu Sarani, Kolkata - 700 001
मंगलम ए, भूतल, २४ हेमंता बसु सरणी, कोलकाता - ७०० ००१
श्री लव अग्रवाल
Luv Agarwal
मंदिर सेवा एवं व्यवस्था
